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खेल थाई बॉक्सिंग वर्ल्ड चैंपियन टिकेश्वरी ने कभी मनचलों को सिखाया था ऐसा सबक

1 Hour ago

दो साल पहले की बात है। छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर के स्कूल से छात्रा टिकेश्वरी अपने घर लौट रही थी। साइकिल से घर जा रही छात्रा को तीन मनचलों ने रास्ते में रोका। उन्हें लगा ये नाजुक सी लड़की उनका क्या बिगाड़ पाएगी, लेकिन पलक झपकते ही दांव पलट गया और टिकेश्वरी ने तीनों मवालियों को सड़क पर दौड़ा-दौड़ा कर पीटा था। 16 साल की इस लड़की की बहादुरी के खूब चर्चे भी हुए थे। अब इसी लड़की ने थाई बॉक्सिंग चैंपियनशिप में बतौर खिलाड़ी देश के लिए गोल्ड मैडल जीता है।

आत्मरक्षा में माहिर, लड़कियों के लिए बनीं रोल मॉडल

तीन फरवरी को गोवा में आयोजित थाई बॉक्सिंग वर्ल्ड चैंपियनशिप के फाइनल मुकाबले में टिकेश्वरी ने भारत की ही सुनीता को 3-0 से हराकर 44 किलो वजन वर्ग में वर्ल्ड टाइटल अपने नाम किया। टिकेश्वरी की कहानी संघर्ष और जीत के कई छोटे-छोटे किस्सों से बनी है। रायपुर की रहने वाली टिकेश्वरी को देखकर कोई नहीं कह सकता कि यह लड़की आत्मरक्षा में इस कदर माहिर है कि एक-दो नहीं बल्कि कई लड़कों को अकेले ही सबक सिखा सकती है। दो साल पहले जो घटना टिकेश्वरी के साथ हुई थी, उस पर मीडिया में भी उनकी इस हिम्मत को सराहा गया था। उस समय टिकेश्वरी लड़कियों के लिए रोल मॉडल के रूप में उभरी थीं। बचपन से ही खेलों में रूचि रखने वाली टिकेश्वरी क्रिकेट और मार्सल आर्ट की भी अच्छी खिलाड़ी हैं। टिकेश्वरी के बुलंद इरादों की बदौलत अब वह खेल के क्षेत्र में देश-विदेश में अपना नाम रोशन कर रही हैं।

मां करती हैं मजदूरी, संघर्षों से लिख रही सफलता की कहानी

टिकेश्वरी की इस सफलता में उनकी मां की भूमिका सबसे बड़ी है। इसके बाद टिकेश्वरी की लगन और कोच की मेहनत ने उन्हें एक बेहतरीन खिलाड़ी के रूप में उभारा है। 4 बहनों में सबसे बड़ी टिकेश्वरी की मां नीरा साहू आरा मिल में मजदूर करती हैं। टिकेश्वरी के पिता सुरेश साहू का कुछ वर्ष पूर्व निधन हो चुका है। टिकेश्वरी ने कोच अनिस मेमन के मार्गदर्शन में कराते, म्यू थाई, योग व थाई बॉक्सिंग का प्रशिक्षण लिया है। वे राज्य स्तरीय व राष्ट्रीय शालेय क्रीड़ा प्रतियोगिता सहित मार्शल आर्ट की विभिन्न् ओपन प्रतियोगिता में हिस्सा ले चुकी हैं।

दूसरों को भी दे रहीं खेलों का प्रशिक्षण ट्रेनिंग

अक्सर लोग इस बात की शिकायत करते हैं कि पारिवारिक में आर्थिक कमजोरी की वजह से वे कोई मुकाम हासिल नहीं कर पाए, लेकिन टिकेश्वरी ने अभावों से लड़ना सीखा और अब देश में खेल के क्षेत्र में अपना नाम रोशन कर रही हैं। रायपुर के दुर्गा कॉलेज में स्नातक प्रथम वर्ष में अध्ययनरत टिकेश्वरी यहां श्री गुजराती स्कूल देवेंद्र नगर रायपुर में खेल प्रशिक्षक के तौर पर भी काम करती हैं। टिकेश्वरी का कहना है कि मैं जीवन की चुनौतियों को खेल की तरह देखती हूं। खेल के मैदान में जो संघर्ष दिखता है, उसी तरह जीवन में भी कई चुनौतियां आती हैं। इनका मुकाबला खेल भावना मन में रखकर करती हूं और आगे बढ़ने के लिए रास्ते बनते जाते हैं।


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खेल Ind vs NZ: हार्दिक पांड्या ने फिर किया ये कमाल, छुड़ा दिए न्यूज़ीलैंड के पसीने

1 Hour ago

भारत और न्यूज़ीलैंड के खिलाफ पांचवें वनडे मैच में हार्दिक पांड्या मे ताबड़तोज़ पारी खेली। इस मैच में जब ज़्यादातर भारतीय दिग्गज़ बल्लेबाज़ों ने अपने फैंस को निराश किया और टीम इंडिया को मुश्किल स्थिति में पहुंचाया वहीं पांड्या उन कुछ में बल्लेबाज़ रहे जिन्होंने टीम को मुश्किलों से उबारा। इस मैच में पांड्या अंबाती रायुडू के आउट होने के बाद बल्लेबाज़ी करने आए और उन्होंने आते ही धमाकेदार शॉट्स खेलने शुरू कर दिया। पांड्या ने भारतीय पारी में एक फिनिशर की भूमिका निभाते हुए 18 गेंदों में नाबाद 45 रन की पारी खेली। इस पारी में उन्होंने दो चौके और पांच छक्के भी जड़े।

एक ओवर में जड़े तीन छक्के 

इस बेहतरीन पारी के दौरान पांड्या ने 47वें ओवर में टॉड एस्टल की तीन गेंदों पर लगातार तीन छक्के जड़े। इस ओवर की पहली गेंद पर उन्होंने डिफेंस किया। इसके बाद पांड्या ने दूसरी, तीसरी और चौथी गेंद पर बैक टू बैक तीन छक्के जड़ दिए। आपको बता दें कि ये कोई पहला मौका नहीं है जब पांड्या ने वनडे क्रिकेट में एक ओवर में लगातार तीन छक्के जड़े हों। इससे पहले 2017 में खेली गई चैंपियंस ट्रॉफी के फाइनल में भी पांड्या ने पाक्स्तान के खिलाफ लगातार तीन गेंदों पर तीन छक्के जड़े थे। हार्दिक पांड्या ने पाकिस्तान के खिलाफ फाइनल मुकाबले में भारत की पारी के 23वें ओवर में शादाब खान की तीन गेंदों पर तीन दमदार छक्के लगाए और इस ओवर में 23 रन बटोरे।

आपको याद दिला दे कि चैंपियंस ट्रॉफी टूर्नामेंट में जब भारतीय टीम लीग मैच में पाकिस्तान से भिडी थी उस मैच में भी हार्दिक पांड्या ने लगातार तीन छक्के जड़े थे। उस मैच में भारतीय पारी के 50वें ओवर में पांड्या ने ये कमाल किया था।


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खेल Ind vs NZ: बुरे वक्त में अंबाती रायुडू ने टीम के लिए खेली बेहतरीन पारी पर शतक से चूके

1 Hour ago

न्यूजीलैंड के खिलाफ जिस मुश्किल स्थिति में अंबाती रायुडू ने अपने बल्ले का दम दिखाया उसकी जितनी तारीफ की जाए कम है। हालांकि वो अपने शतक से 10 रन से चूक गए लेकिन उनकी पारी ने भारीतय टीम को सम्मानजनक स्कोर तक पहुंचाया। अपनी इस पारी से रायडू ने जता दिया कि वो मध्यक्रम में भारतीय टीम के लिए कितने उपयोगी बल्लेबाज हैं। 

113 गेंदों पर 90 रन बनाए अंबाती रायुडू ने

भारतीय टीम के चार अहम बल्लेबाज रोहित शर्मा (02), शिखर धवन (06), शुभमन गिल (07)  और धौनी (01) सस्ते में आउट होकर पवेलियन लौट गए। ऐसे विषम स्थिति में अंबाती ने अपना दम दिखाया और 113 गेंदों का सामना करते हुए 90 रन बनाए। उन्होंने शुरू में काफी धीमी बल्लेबाजी की लेकिन बाद में उन्होंने जबरदस्त शॉट्स लगाए। हालांकि अंबाती को एक जीवनदान भी मिला। अपनी पारी में उन्होंने 8 चौके और 4 शानदार छक्के लगाए।

अंबाती ने की शानदार साझेदारी 

रायुडू ने भारतीय पारी को संभालने का काम बखूबी किया। उन्होंने विजय शंकर के साथ पांचवें विकेट के लिए 98 रन की साझेदारी की। शंकर ने भी टीम के लिए 45 रन का बेहतरीन योगदान किया। इसके बाद अंबाती ने छठे विकेट के लिए केदार जाधव के साथ मिलकर 74 रन की पारी खेली। उनकी पारी का अंत हेनरी ने किया और उनका कैच मुनरो ने लपका।

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खेल विदेशी दौरों पर क्रिकेटरों के परिवार को संभालना बीसीसीआइ के लिए बना बड़ा सिरदर्द

1 Hour ago

भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड इन दिनों एक नई समस्या से जूझ रहा है। दरअसल लंबे विदेशी दौरों के लिए बीसीसीआइ ने क्रिकेटरों के परिवार के लिए कुछ वक्त तय किए हैं जब वो उनके साथ रह सकते हैं। इस दौरान क्रिकेटर अपनी पत्नी, बच्चों और परिवारों के साथ यात्रा करते हैं। सूत्रों के मुताबिक बीसीसीआइ को ऑस्ट्रेलिया दौरे के दौरान काफी परेशानियों का सामना करना पड़ा। बोर्ड को खिलाड़ियों व उनके परिवारों के साथ सपोर्ट स्टाफ के आने-जाने को लेकर काफी परेशानी उठानी पड़ी। वहां इन सबकी संख्या करीब 40 तक थी। इतनों लोगों को एक साथ लाने व ले जाने के लिए दो बसों को किराए पर लिया गया फिर भी इतने लोगों के संभालना मुश्किल हो रहा था। आपको बता दें कि बीसीसीआइ ने लंबे विदेशी दौरों के लिए खिलाड़ियों के परिवार को उनके साथ रहने के लिए दो सप्ताह की अनुमति दी है। 

भारतीय क्रिकेट टीम के कप्तान विराट कोहली ने विदेशी दौरों पर पत्नी व गर्लफ्रेंड को साथ रखने की अनुमति देने के लिए कहा था। इसके बाद बोर्ड ने क्रिकेटरों के परिवार को टूर के शुरुआती दस दिनों के बाद ठहरने की अनुमति दी थी। इसके साथ ही फैमिली पीरियड की भी कोशिश की जिसमें तय समय के बीच परिवारों को खिलाड़ियों से मिलने की अनुमति दी जाती जो हर दौरे के साथ अलग-अलग था। हालांकि बोर्ड के लिए परिवारों की मुलाकात ज्यादा मंहगी नहीं पड़ती है क्योंकि खिलाड़ी अपने पविवारों के बिल खुद चुकाते हैं लेकिन उनके सामानों को लाना-लेजाना या फिर ट्रांसपोर्ट बड़ी चुनौती बन जाती है। 

बीसीसीआइ के एक अधिकारी ने कहा कि अगर दौरे पर कम सदस्यों के साथ टीम जाती है तो उन्हें संभालना आसान होता है। पर ज्यादा लोगों को संभालना बड़ी चुनौती होती है। बोर्ड के स्टाफ के लिए मैदान से बाहर व्यवस्था कना भी आसान होता है। टिकट बुक करने से लेकर रूम तक सब कुछ बोर्ड के हाथ में ही है। अधिकारी ने कहा कि विश्व कप में इंग्लैंड दौरे पर खिलाड़ियों के परिवार उनके साथ होंगे और हमारे लिए सबकुछ संभालना थोड़ा मुश्किल होगा। 

बोर्ड इस बात से भी खुश नहीं है क्योंकि ऑस्ट्रेलिया दौरे पर कुछ खिलाड़ी जो नियमित नहीं हैं उनके परिवार भी दो सप्ताह तक उनके साथ रहे। बोर्ड के मुताबिक सभी को एक साथ मैनेज करना काफी मुश्किल काम है। ये मामला पैसों का नहीं है। क्रिकेटरों के परिवार के लिए भी एक साथ मैच टिकट बुक कराना भी बड़ी चुनौती होती है। 

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खेल आखिर गौतम गंभीर क्यों चाहते हैं कि विश्व कप 2019 में इस खिलाड़ी को मिले मौका

1 Hour ago

इस वर्ष होने वाले विश्व कप के लिए सभी टीमें जोर-शोर से तैयारियां कर रही है। भारतीय टीम भी इसमें पीछे नहीं है और टीम हर विकल्प को आजमा रही है। भारतीय टीम की भी यही कोशिश होगी कि वो विश्व कप के लिए अपनी सबसे बेस्ट टीम के साथ इंग्लैंड जाएं। अब इस टीम में कौन-कौन खिलाड़ी शामिल होगा इसमें से कुछ नाम तो साफ हैं लेकिन कुछ जगहें ऐसी हैं जहां पर शंका अभी कायम है। विश्व कप को लेकर कई पूर्व खिलाड़ियों ने अपनी-अपनी टीम भी चुनी है। अब भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व ओपनर बल्लेबाज गौतम गंभीर ने टीम के सीनियर स्पिनर आर अश्विन के बारे में कहा है कि उन्हें वनडे टीम में मौका जरूर मिलना चाहिेए। 

गंभीर ने कहा कि अश्विन का अनुभव टीम के बहुत काम आएगा। इन दिनों अश्विन वनडे टीम से बाहर चल रहे हैं और कुलदीप व चहल स्पिनर की भूमिका वनडे टीम में निभा रहे हैं। ये दोनों रिस्ट स्पिनर भारत के लिए शानदार गेंदबाजी कर रहे हैं और जमकर सफलता भी हासिल कर रहे हैं। वर्ष 2011 विश्व कप फाइनल में शानदार बल्लेबाजी करने वाले गंभीर ने कहा कि विश्व कप के लिए अश्विन के नाम पर विचार किया जाना चाहिेए क्योंकि वो शानदार स्पिनर हैं और उनके नाम पर 300 टेस्ट विकेट है। गंभीर ने ये भी  कहा कि उनकी सफलता की वजह से अगर उन्हें कुलदीप या चहल की जगह किसी को टीम में शामिल करना हो तो वो अश्विन का चयन करेंगे।

गंभीर के मुताबिक आर अश्विन ने कई बड़े टूर्नामेंट्स में जीत दिलाने में भारतीय टीम के लिए अहम योगदान दिया है। सबसे बड़ी बात ये है कि उनके पास काफी अनुभव है जो टीम के लिए सबसे ज्यादा फायदेमंद होगा। अश्विन वर्ष 2017 से भारतीय वनडे टीम से बाहर चल रहे हैं। हालांकि टेस्ट क्रिकेट में वो टीम के लिए खेलते हैं और अच्छा प्रदर्शन भी कर रहे हैं।


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खेल सफलता के सातवें आसमान पर मिताली राज, दुनिया में नहीं है कोई इनके जैसा

1 Hour ago

दुनिया में अच्छे क्रिकेटरों की कोई कमी नहीं है लेकिन इसमें खास मुकाम हासिल करने वाले बहुत कम होते हैं। भारतीय पुरुष क्रिकेटरों में हमें कई ऐसे नाम मिल जाएंगे जिन्होंने खास मुकाम हासिल किए लेकिन भारतीय महिला क्रिकेटरों में ऐसे नाम सिर्फ गिने-चुने ही हैं। इनमें से एक नाम भारतीय महिला क्रिकेट टीम की सीनियर बल्लेबाज मिताली राज का भी है। मिताली राज ने अपनी कामयाबी की कहानी खुद लिखी है और महिला वनडे क्रिकेट में दुनिया में सबसे ज्यादा रन बनाने वाली पहली महिला क्रिकेटर बनी थीं और अब एक और कामयाबी की इबारत उन्होंने लिख दी है। वो दुनिया की पहली ऐसी महिला क्रिकेटर बन गईं हैं जिनके नाम पर 200 वनडे मैच हैं। 


महिला वनडे क्रिकेट में सबसे ज्यादा रन मिताली के नाम

मिताली किस कदर कामयाब हैं ये वो खुद नहीं बल्कि उनके आंकड़े कहते हैं। मिताली राज महिला वनडे क्रिकेट में सबसे ज्यादा रन बनाने वाली महिला क्रिकेटर हैं। उन्होंने भारत के लिए अब तक कुल 200 वनडे मैच खेले हैं जिसमें उनके नाम पर 6622 रन हैं। वनडे में उनका औसत 51.33 का है और नाबाद 125 रन उनकी सर्वश्रेष्ठ पारी ही। वनडे क्रिकेट में उनके नाम पर सात शतक और 52 अर्धशतक है। मिताली राज का वनडे करियर सचिन तेंदुलकर, सनथ जयसूर्या और जावेद मियांदाद के बाद सबसे बड़ा है। भारतीय महिला क्रिकेट टीम ने अब तक कुल 263 वनडे मैच खेले हैं जिसमें से मिताली ने 200 मैचों में हिस्सा लिया है। मिताली राज ने वर्ष 1999 में वनडे क्रिकेट में डेब्यू किया था। उन्होंने भारत के लिए 10 टेस्ट मैच और 85 टी 20 मैच खेले हैं। 

इतिहास तो रचा पर जरा सा निराश किया मिताली ने

मिताली राज अब दुनिया की पहली ऐसी महिला क्रिकेटर बन गई हैं जिन्होंने 200 वनडे मैच खेले हैं। इससे पहले किसी भी महिला क्रिकेटर ने ऐसा नहीं किया था, लेकिन उन्होंने अपने इस एतिहासिक मैच में थोड़ा निराश किया। उन्होंने तीसरे मैच में न्यूजीलैंड के खिलाफ 28 गेंदों पर सिर्फ 9 रन बनाए और उनकी कप्तानी में भारतीय टीम की जीत का क्रम भी टूट गया। भारत ने इससे पहले दोनों मैचों में जीत दर्ज की थी लेकिन इस मैच में महिला टीम सिर्फ 149 रन पर सिमट गई और भारत को ये मुकाबला गंवाना पड़ा। बेशक भारतीय टीम को इस मैच में हार का सामना करना पड़ा या मिताली अपने इस मैच में अच्छी पारी नहीं खेल पाईं लेकिन उनकी ये कामयाबी भारतीय महिला क्रिकेट को और बुलंदियों तक पहुंचाएगी। मिताली राज की इस सफलता के लिए उन्हें पूर्व क्रिकेटर वीवीएस लक्ष्मण ने भी बधाई दी। बीसीसीआइ ने भी उन्हें बधाई दी थी। 


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खेल Ind vs NZ: रोहित शर्मा ने तोड़ा धौनी का स्पेशल रिकॉर्ड, इस मामले में बन गए किंग

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भारत और न्यूज़ीलैंड के बीच तीसरे वनडे मैच में टीम इंडिया के ओपनिंग बल्लेबाज़ रोहित शर्मा ने बेहतरीन पारी खेली। इस मैच में रोहित ने पूर्व भारतीय कप्तान महेंद्र सिंह धौनी के एक बेहद ही खास रिकॉर्ड को पीछे छोड़ दिया। इस मैच में रोहित भारत के लिए वनडे क्रिकेट में सबसे अधिक छक्के लगाने वाले खिलाड़ी बन गए।  

रोहित ने तोड़ा धौनी का रिकॉर्ड

इस मैच में भारत को 244 रन का लक्ष्य मिला। रोहित शर्मा और शिखर धवन मैदान पर इस चुनौती का पीछा करने उतरे धवन ने भारत को तेज़ शुरुआत दिलाई, लेकिन 28 रन बनाकर धवन अपना विकेट गंवा बैठे। इसके बाद रोहित और कोहली ने मिलकर भारतीय पारी को आगे बढ़ाया। पहले रोहित ने 63 गेंदों पर अपना 39वां अर्धशतक पूरा किया। इसके बाद उन्होंने लॉकी फर्ग्यूसन की गेंद पर एक शानदार छक्का लगाया। इस सिक्स को लगाते ही रोहित ने भारत के लिए वनडे क्रिकेट में सबसे अधिक छक्के लगाने के मामले में धौनी की बराबरी कर ली। रोहित यहीं नहीं रुके इसके बाद भी उन्होंने एक और सिक्स लगाया और धौनी के इस रिकॉर्ड को तोड़ डाला।

भारत के लिए वनडे में सर्वाधिक छक्के

216- रोहित शर्मा

215- एम एस धौनी

195- सचिन तेंदुलकर

189- सौरव गांगुली

153- युवराज सिंह

66 रन बनाकर आउट हुए रोहित 

रोहित शर्मा इस मैच में 62 रन बनाकर आउट हो गए। इस पारी में उन्होंने 77 गेंदों का सामना करते हुए सात चौके और दो शानदार छक्के लगाए। न्यूज़ीलैंड के स्पिन गेंदबाज़ मिचेल सेंटनर की गेंद पर रोहित एक बड़ा शॉट लगाने के लिए आगे बढ़े और गेंद की लाइन को पढ़ने में चूक गए। इसके बाद विकेटकीपर लाथम ने उन्हें स्टंप आउट करने में कोई देरी नहीं की। 


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खेल Ind vs NZ: शमी की इंग्लिश सुन प्रेजेंटर हुआ Impress, बोल दी ये बात, जानकर हो जाएंगे खुश

1 Hour ago

भारत और न्यूज़ीलैंड के बीच खेले गए तीसरे वनडे मैच को जीतकर टीम इंडिया ने वनडे सीरीज़ अपने नाम कर ली। पांच मैचों की वनडे सीरीज़ में भारत ने 3-0 की अजेय बढ़त बना ली है। ये दूसरा मौका है जब भारत ने न्यूज़ीलैंड के घर में वनडे सीरीज़ जीती है। इससे पहले टीम इंडिया ने ये काम 2009 में किया था। तीसरे मैच में तीव विकेट लेने वाले मोहम्मद शमी को मैन ऑफ द मैच का अवॉर्ड मिला। इस अवॉर्ड सेरेमनी के दौरान एक ऐसी घटना घटी जैसे जानकर आप भी खुश हो जाएंगे।

शमी की हुई प्रशंसा

शमी ने इस मैच में  9 ओवर में 41 रन देकर तीन विकेट लिए। टीम इंडिया की जीत के बाद उन्हें इस बेहतरीन प्रदर्शन के लिए मैन ऑफ द मैच के खिताब के लिए चुना गया। शमी जब ये अवॉर्ड लेने आए तो विराट कोहली भी उनके साथ पहुंचे। अवॉर्ड लेने के बाद जब शमी से प्रेजेंटर साइमल डूल ने उनकी गेंदबाज़ी पर सवाल किया तो, कोहली ने उन्हें खुद ही जवाब देने को कहा। इस पर शमी ने कहा कि शुरुआत में हवा के विपरीत दिशा में गेंदबाज़ी करने में काफी कठिनाई होती है, लेकिन किसी एक गेंदबाज़ को तो ऐसा करना ही होगा। इसके साथ ही शमी ने कहा कि भुवी के दूसरे छोर से गेंदबाज़ी करने से बहुत मदद मिलती है। हम दोनों की कोशिश सही लाइन-लैंथ पर गेंदबाज़ी करने की रहती है। शमी ने ये सभी जवाब इंग्लिश में दिए। इसके बाद अंत में साइमन डूल ने मज़ाकिया अंदाज़ में शमी को कहा- योअर (your) इंग्लिश बहुत अच्छा।

आपको बता दें कि साइमन डूल न्यूज़ीलैंड के पूर्व खिलाड़ी भी रह चुके हैं।

कोहली बने थे ट्रांसलेटर

पहले वनडे मैच में भी शमी को मैन ऑफ द मैच का खिताब मिला था। तब भी प्रेजेंटेशन सेरेमनी के दौरान शमी के साथ कोहली आए थे, लेकिन तब कोहली ने शमी के लिए ट्रांसलेटर का काम किया था। कोहली प्रेजेंटर के सवालों का अनुवाद शमी के लिए हिंदी में कर रहे थे। तो वहीं वो शमी के हिंदी में दिए गए जवाबों का अनुवाद इंग्लिश में भी कर रहे थे, लेकिन तीसरे वनडे मैच में जब शमी मैन ऑफ द मैच का अवॉर्ड लेने आए तो उन्होंने अपने जवाब खुद ही इंग्लिश में दिए।

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खेल भारत के लिए बुरी खबर, ICC ने इस भारतीय खिलाड़ी की गेंदबाज़ी पर लगाया बैन

1 Hour ago

ICC ने भारतीय खिलाड़ी अंबाती रायुडू को अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में गेंदबाजी से निलंबित कर दिया गया है। रायुडू ने ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ खेली गई वनडे सीरीज़ में सिडनी में खेले गए पहले वनडे मैच में गेंदबाज़ी की थी। रायुडू के गेंदबाज़ी एक्शन को संदिग्झ पाए जाने के बाद उन्हें 14 दिन के अंदर फिर से अपने गेंदबाज़ी एक्शन का टेस्ट देना था, जो उन्होंने दिया और उसकी रिपोर्ट आने के बाद अब ICC ने उन्हें अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में गेंदबाज़ी करने से निलंबित कर दिया है।

आइसीसी ने रायुडू पर 4.2 नियम के मुताबिक तत्काल प्रभाव से गेंदबाज़ी पर रोक लगा दी है। हालांकि रायुडू बीसीसीआइ की सहमति से घरेलू क्रिकेट में गेंदबाज़ी कर सकते हैं।

अंपायर्स ने रायुडू के गेंदबाजी एक्शन की रिपोर्ट की थी। रायुडू पार्टटाइम ऑफ स्पिन गेंदबाजी करते हैं। रायुडू को अब 14 दिनों के अंदर अपने गेंदबाजी एक्शन का टेस्ट करवाना था।

रायुडू नए तरह के एक्शन से गेंदबाजी कर रहे थे और उन्होंने 2 ओवरों में 13 रन दिए थे। रायुडू ने इस मैच के पहले ओवर में मात्र तीन रन दिए थे लेकिन दूसरे ओवर में उनकी पिटाई हुई। उस्मान ख्वाजा ने उनके अगले ओवर में दो बाउंड्री लगाई थी।

मैच के अंपायर्स ने इस मामले की रिपोर्ट मैच रैफरी को की थी जिसके बाद भारतीय टीम प्रबंधन को इस बात से अवगत करा दिया गया था। 


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खेल IPL 2019: अमिताभ ने टीम में हिस्सेदारी खरीदने की बात का किया खंडन

1 Hour ago

बॉलीवुड के मेगास्टार अमिताभ बच्चन ने इस बात से इंकार किया कि उनका परिवार किसी इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) की किसी फ्रेंचाइजी में हिस्सेदारी खरीदना चाहता है।

जब अमिताभ से इन मीडिया रिपोर्ट्स के बारे में पूछा गया तो उन्होंने कहा कि यह खबर गलत है। इससे पहले बुधवार को मीडिया में यह खबर आई थी कि बच्चन परिवार आईपीएल से जुड़ना चाहता है और उन्होंने चेन्नई सुपर किंग्स और राजस्थान रॉयल्स में हिस्सेदारी खरीदने की इच्छा जताई थी। सीएसके से इस मामले में उनकी बात कथित रूप से असफल रही जबकि राजस्थान के साथ बात पहले दौर के बाद आगे नहीं बढ़ पाई।

पिछले सप्ताह यह खबर आई थी कि राजस्थान रॉयल्स अपनी 50 प्रतिशत हिस्सेदारी बेचना चाहता है। पहले इस टीम में बॉलीवुड एक्ट्रेस शिल्पा शेट्टी और उनके पति राज कुंद्रा सहमालिक थे। आईपीएल स्पॉट फिक्सिंग में नाम आने के बाद उन्होंने इस टीम की हिस्सेदारी छोड़ी थी।

बच्चन परिवार का खेलों से जुड़ाव : 

बच्चन परिवार का खेलों से जुड़ाव रहा है। यह परिवार इंडियन सुपर लीग और प्रो-कबड्डी लीग से जुड़ा हैं। फुटबॉल की आईएसएल में इनकी चेन्नईयन एफसी में हिस्सेदारी है। अभिषेक बच्चन प्रो-कबड्डी लीग में जयपुर पिंक पैंथर्स के मालिक है।

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खेल Australian Open 2019: पेत्रा क्वितोवा और नाओमी ओसाका के बीच होगा फाइनल मुकाबला

1 Hour ago

चौथी वरीयता प्राप्त जापान की महिला टेनिस खिलाड़ी नाओमी ओसाका ने चेक गणराज्य की कैरोलिना प्लिस्कोवा को हराकर ऑस्ट्रेलियन ओपन के महिला सिंगल्स के फाइनल में जगह बनाई जहां उनका सामना चेक गणराज्य की आठवीं वरीयता प्राप्त पेत्रा क्वितोवा से होगा।

21 वर्षीय ओसाका ने सातवीं वरीयता प्राप्त प्लिस्कोवा को एक घंटे 56 मिनट तक चले मैच में 6-2, 4-6, 6-4 से हराकर पहली बार टूर्नामेंट के फाइनल में जगह बनाई। वह लगातार दूसरे ग्रैंडस्लैम के फाइनल में पहुंची हैं। इससे पहले वह पिछले साल अमेरिकी ओपन के फाइनल में पहुंची थीं जहां उन्होंने सेरेना विलियम्स को मात दी थी।

सेरेना को इस बार ऑस्ट्रेलियन ओपन के क्वार्टर फाइनल में प्लिस्कोवा ने हराकर टूर्नामेंट से बाहर का रास्ता दिखाया था। ओसाका अगर यह खिताब जीत लेती हैं तो वह विश्व रैंकिंग में रोमानिया की सिमोना हालेप को पछाड़कर नंबर एक खिलाड़ी बन जाएंगी।

ओसाका ने आसानी से जीता पहला सेट

ओसाका ने मैच में शानदार शुरुआत की। उन्होंने रोड लेवर एरीना में 36 डिग्री सेल्सियस के तापमान में पहला सेट 6-2 से आसानी से जीत लिया। दूसरे सेट में ओसाका के ऊपर प्लिस्कोवा का अनुभव भारी पड़ गया और वह यह सेट 6-4 से जीतकर मैच को तीसरे सेट तक ले गई।

तीसरे सेट में दोनों खिलाडि़यों के बीच कड़ी स्पर्धा देखने को मिली। इस सेट में प्लिस्कोवा ने कुछ अच्छे रिर्टन किए, लेकिन वह ओसाका को यह सेट और मैच जीतने से रोक नहीं पाई। प्लिस्कोवा खिताब जीतने की प्रबल दावेदारों में से एक थीं और उनकी मैच में धीमी शुरुआत उनके पर भारी पड़ गई।

चाकू से हुए हमले से उभरी क्वितोवा

चाकू से हुए हमले से उभरकर टेनिस जगत में वापसी करने वाली चेक गणराज्य की दिग्गज खिलाड़ी क्वितोवा ने फिर पीछे मुड़कर नहीं देखा। अपने खेल में मजबूती हासिल करते हुए क्वितोवा ने महिला सिंगल्स के सेमीफाइनल में अमेरिका की डेनियल कोलिंस को एक घंटे 36 मिनट में 7-6, 6-0 से हराकर खिताबी मुकाबले में जगह बनाई।

क्वितोवा ने अभी तक केवल दो बार विंबलडन ग्रैंडस्लैम टूर्नामेंट जीता है। ऐसे में ऑस्ट्रेलियन ओपन का खिताब उनके लिए नए साल की शानदार शुरुआत का सबब होगा। वह पहली बार इस टूर्नामेंट के फाइनल में पहुंची हैं।

नंबर गेम

- 21 वर्षीय जापान की नाओमी ओसाका अगर ऑस्ट्रेलियन ओपन का खिताब जीत लेती हैं तो पिछले चार साल में अमेरिकी ओपन और ऑस्ट्रेलियन ओपन लगातार जीतने वाली सेरेना विलियम्स के बाद पहली महिला खिलाड़ी होंगी

- 10 मैचों से लगातार जीतती आ रही चेक गणराज्य की कैरोलिना प्लिस्कोवा के विजयी अभियान पर विराम लग गया

- 28 वर्षीय पेत्रा क्वितोवा ऑस्ट्रेलियन ओपन के फाइनल में पहुंचने वाली जाना नोवोत्ना के बाद चेक गणराज्य की दूसरी खिलाड़ी हैं। नोवोत्ना 1991 में फाइनल में पहुंची थीं जहां वह मोनिका सेलेस से हार गई थीं

- 28 साल के बाद चेक गणराज्य की कोई खिलाड़ी ऑस्ट्रेलियन ओपन के फाइनल में पहुंची हैं। पेत्रा क्वितोवा से पहले जाना नोवोत्ना 1991 में इस टूर्नामेंट के खिताबी मुकाबले में जगह बनाई थी

- 05 साल के बाद 28 वर्षीय पेत्रा क्वितोवा किसी ग्रैंडस्लैम टूर्नामेंट के फाइनल में पहुंची हैं


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खेल Indonesia Masters: साइना सेमीफाइनल में, श्रीकांत बाहर

1 Hour ago

भारत की स्टार शटलर साइना नेहवाल ने इंडोनेशिया मास्टर्स बैडमिंटन टूर्नामेंट के सेमीफाइनल में प्रवेश किया। पुरुष वर्ग में किदांबी श्रीकांत इस टूर्नामेंट से बाहर हो गए।

दुनिया की नौवें क्रम की साइना ने थाईलैंड की पोर्नपावी चोचुवांग को सीधे गेमों में 21-7, 21-18 से हराकर सेमीफाइनल में जगह बनाई। यह मुकाबला मात्र 33 मिनट चला। 2012 लंदन ओलिंपिक की कांस्य पदक विजेता साइना के सामने चोचुवांग टिक नहीं पाई और उन्होंने आत्मसमर्पण कर दिया। इसी के साथ साइना ने इस थाई शटलर के खिलाफ अपना जीत-हार का रिकॉर्ड 4-0 कर लिया। अब उनका सामना चीन की ही बिंगजियाओ और चेन शियाओशिन की विजेता से होगा।

पुरुष सिंगल्स में किदांबी श्रीकांत का सफर जोनाथन क्रिस्टी के हाथों हार के साथ समाप्त हो गया। क्रिस्टी ने यह मुकाबला 21-18, 21-19 से जीता। श्रीकांत ने दोनों गेमों में संघर्ष किया लेकिन वे क्रिस्टी की चुनौती से पार नहीं पा सके।

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खेल Wrestler Narsingh Yadav: सीबीआई को HC से फटकार, 2 साल में जांच पूरी नहीं

1 Hour ago

कुश्ती पहलवान नरसिंह यादव ने सोमवार को दिल्ली हाई कोर्ट में याचिका दायर की है। उन्होंने अपने खिलाफ चल रहे डोपिंग के कथित मामले की जांच जल्द से जल्द पूरी करने की मांग की है। नरसिंह ने कहा है कि इस मामले को 2 साल हो गए है और जांच अभी तक भी पूरी नहीं हुई है।

हाई कोर्ट ने नरसिंह यादव की याचिका पर सुनवाई करते हुए सीबीआई के वकील से कहा- 2 साल से अधिक समय हो गया है। क्या कर रहे हो? संबंधित अधिकारी से निर्देश लें अन्यथा हम आदेश पारित करेंगे।

PM से भी कर चुके हैं अपील

सीबीआई जांच में देरी पर पहलवान नरसिंह पंचम यादव ने ट्वीट कर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी व गृहमंत्री राजनाथ सिंह से अपील की थी। डोपिंग का दंश झेल रहे नरसिंह ने लिखा था कि एक ओलंपियन पहलवान के मामले की जांच 3 साल में भी पूरी नहीं हो सकी, जबकि देश की सबसे बड़ी जांच एजेंसी सीबीआई के लिए इस मामले की जांच छोटा सा काम था।

प्रधानमंत्री के संसदीय क्षेत्र वाराणसी में जन्में नरसिंह ने ट्विटर पर लिखा था कि एक अंतरराष्ट्रीय पहलवान के लिए न्याय लेना कितना मुश्किल हो रहा है तो एक आम आदमी के लिए यह कितना मुश्किल होगा। सीबीआई जांच के आदेश 2016 रियो ओलंपिक के बाद दिए गए थे और तब माना जा रहा था कि जल्द मामले की सच्चाई सामने आएगी लेकिन अब तक जांच पूरी नहीं हो सकी।

ये था मामला

दरअसल रियो ओलंपिक 2016 में जाने से पहले नरसिंह डोप में दोषी पाए गए थे और नेशनल एंटी डोपिंग एजेंसी (नाडा) ने प्रतिबंध लगा दिया था। तब नरसिंह ने सोनीपत के राई पुलिस थाने में शिकायत दी थी कि उनके साथ साजिश हुई है और शिकायत में एक लड़के का नाम भी दिया था लेकिन पुलिस का रवैया सुस्त रहा और कोई जांच नहीं की।

बाद में नरसिंह ने नाडा में भी अपील की थी कि उनके साथ साजिश हुई है। मामले में साजिश के संदेह को देखते हुए नाडा ने रियो ओलंपिक में खेलने के लिए भेज दिया था लेकिन रियो में वर्ल्ड एंटी डोपिंग एजेंसी (वाडा) ने यह कहकर खेलने से रोक दिया कि अगर साजिश हुई है तो पुलिस ने किसी को गिरफ्तार किया है या नहीं। वाडा ने चार वर्ष का प्रतिबंध लगाने के साथ शर्त रखी कि भारत की जांच एजेंसी दोष मुक्त करती है तो प्रतिबंध हटा लिया जाएगा।

नरसिंह का कहना है कि रियो में मेरा पदक पक्का था लेकिन मुझे वाडा ने खेलने से रोक दिया। मुझे लगा था कि सीबीआइ जल्द रिपोर्ट देगी और मेरे ऊपर लगा प्रतिबंध हट जाएगा जिससे मैं 2018 कॉमनवेल्थ और एशियन गेम्स खेल पाऊंगा। अब टोक्यो 2020 ओलंपिक सामने है लेकिन कोई आशा नहीं दिख रही।


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खेल कप्तान सहित पाकिस्तान टीम से 11 खिलाड़ी बाहर, इसलिए मिली इतनी कड़ी सजा

1 Hour ago

पाकिस्तानी चयनकर्ताओं ने अगले महीने शुरू होने वाली एफआईएच प्रो लीग सीरीज के लिए टीम का चयन किया, जिसमें उसने हाल में हुए विश्व कप में निराशाजनक प्रदर्शन करने वाली टीम में शामिल 11 खिलाड़ियों को बाहर कर दिया।

टीम के चयन ट्रायल्स इस्लामाबाद में किए गए। जिसके बाद मुख्य चयनकर्ता इस्लाहुद्दीन सिद्दिकी ने टीम की घोषणा की। विश्व कप में खेली टीम में से कप्तान मो. रिजवान के अलावा 10 सीनियर खिलाड़ियों को बाहर कर दिया गया है। अब अर्जेंटीना, ऑस्ट्रेलिया, न्यूजीलैंड और यूरोपीय देशों में होने वाली आगामी 6 महीनों में प्रो लीग सीरीज में मिडफील्डर अली शान इस नए चेहरों वाली 18 सदस्यीय पाकिस्तानी टीम अगुआई करेंगे।

इस 25 साल के खिलाड़ी ने 135 मैचों में टीम का प्रतिनिधित्व किया है। पाकिस्तानी टीम पिछले साल भुवनेश्वर में हुए 16 देशों के विश्व कप में एक भी मैच नहीं जीत सकी थी और 11वें स्थान पर रही थी। दिलचस्प बात यह है कि वित्तीय संकट के कारण पाकिस्तानी टीम की प्रो लीग सीरीज में भागीदारी भी सुनिश्चित नहीं है।

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खेल ऑस्ट्रेलिया में ऐसा कमाल करने वाले पहले भारतीय कप्तान बन गए विराट कोहली

1 Hour ago

विराट कोहली ने दूसरे वनडे यानी एडिलेड में जीत हासिल कर भारतीय कप्तान के तौर पर एक खास मुकाम हासिल कर लिया है। अब विराट कोहली पहले ऐसे भारतीय कप्तान बन गए हैं जिन्होंने ऑस्ट्रेलिया में टेस्ट, वनडे व टी 20 मैचों में जीत दर्ज की है। हालांकि वो इस मामले में दुनिया के दूसरे कप्तान हैं। विराट से पहले कप्तान के तौर पर ऑस्ट्रेलिया में  क्रिकेट के तीनों प्रारूपों के मैचों में जीत हासिल करने वाले पहले विदेशी कप्तान दक्षिण अफ्रीका के फाफ डू प्लेसी थे। 

अगर कंगारू टीम की बात की जाए तो इस टीम के पूर्व कप्तान रिकी पोंटिंग व माइकल क्लार्क ने अपनी धरती पर क्रिकेट के तीनों प्रारूपों के मैच में जीत दर्ज की है। यानी ऑस्ट्रेलिया में अब तक सिर्फ चार कप्तानों ने क्रिकेट के तीनों प्रारूपों के मैचों में जीत दर्ज की है। इन कप्तानों में दो विदेशी कप्तान हैं जबकि दो देसी कप्तान। अब विराट दूसरे विदेशी कप्तान हैं जिन्होंने ये उपलब्धि हासिल की है तो वो ऐसा करने वाले पहले भारतीय कप्तान बन गए हैं। 

आपको बता दें कि पहले वनडे में मिली हार के बाद भारत ने एडिलेड में यानी दूसरे वनडे में कंगारू टीम को छह विकेट से हराकर तीन मैचों की वनडे सीरीज में वापसी करते हुए 1-1 से सीरीज बराबर कर ली। अब 18 जनवरी को दोनों देशों के बीच तीसरा वनडे मेलबर्न में खेला जाएगा। दूसरे वनडे में विरान ने शानदार पारी खेली और 112 गेंदों का सामना करते हुए 104 रन बनाए थे। ये उनका 39वां वनडे शतक था और वो वनडे क्रिकेट में ऑस्ट्रेलिया में शतक लगाने वाले पहले भारतीय बल्लेबाज बन गए थे। विराट ने रन का पीछा करते हुए अपने वनडे करियर का 24वां शतक लगाया था और भारत को इनमें से 21 मैचों में जीत मिली है। ये विराट का ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ छठा साथ ही ऑस्ट्रेलिया में पांचवां शतक था। विराट कोहली ने ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ वनडे मैचों में अपने 500 रन भी पूरे कर लिए।


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खेल विराट के पास वनडे क्रिकेट में महान बल्लेबाज ब्रायन लारा को पीछे छोड़ने का शानदार मौका

1 Hour ago

विराट कोहली अब जितने भी मैच खेलते हैं उन सबमें किसी का रिकॉर्ड तोड़ते हैं या फिर किसी के रिकॉर्ड की बराबरी करते हैं। अब ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ तीसरे वनडे मैच में वो वेस्टइंडीज के पूर्व क्रिकेटर व दुनिया के महान बल्लेबाज ब्रायन लारा को रन के मामले में पीछे छोड़ने में सिर्फ कुछ रन ही पीछे हैं। अगर विराट ऐसा कर लेते हैं तो वो वनडे क्रिकेट में 10,000 से ज्यादा रन बनाने के मामले में टॉप टेन बल्लेबाजों में शुमार हो जाएंगे। इस लिस्ट में इस वक्त विराट लारा से एक स्थान नीचे यानी 11वें स्थान पर हैं। लारा इस क्लब में फिलहाल दसवें नंबर पर मौजूद हैं। 

विराट के पास टॉप टेन में शामिल होने का शानदार मौका

वनडे क्रिकेट में 10,000 रन बनाने वाले बल्लेबाजों की लिस्ट में अब तक सिर्फ 13 बल्लेबाजों का नाम ही शामिल हैं और इसमें विराट कोहली का स्थान इस वक्त ग्यारहवां है। तीसरे वनडे में यानी मेलबर्न में विराट कोहली अगर 67 रन बना लेते हैं तो वो वनडे क्रिकेट में रन बनाने के मामले में ब्रायन लारा को पीछे छोड़ देंगे। इस वक्त विराट के वनडे में कुल 10,339 रन हैं। वहीं ब्रायन लारा के नाम पर 10,405 रन हैं। विराट ने एडिलेड में खेले गए दूसरे वनडे में सिडनी क्रिकेट ग्राउंड पर शानदार शतक लगाया था और अपने रनों की संख्या को यहां तक पहुंचा दिया था। अब विराट 67 रन बनाते ही लारा को पीछे छोड़ते हुए टॉप टेन में शामिल हो जाएंगे। हालांकि विराट जिस तरह की फॉर्म में हैं उससे तो यही उम्मीद है कि वो ऐसा करने में कामयाब रहेंगे। 

वनडे क्रिकेट में सबसे ज्यादा रन बनाने वाले टॉप टेन बल्लेबाज ये हैं-

सचिन तेंदुलकर- 463 मैच- 18,426 रन

कुमार संगकारा- 404 मैच- 14,234 रन

रिकी पोंटिंग- 375 मैच- 13,704 रन

सनथ जयसूर्या- 445 मैच- 13,430 रन

महेला जयवर्धने- 448 मैच- 12,650 रन

इंजमाम-उल-हक- 378 मैच- 11,739 रन

जैक्स कैलिस- 328 मैच- 11,579 रन

सौरव गांगुली- 311 मैच- 11,363 रन

राहुल द्रविड़- 344 मैच- 10,889 रन

ब्रायन लारा- 299 मैच- 10,405 रन


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खेल इस वजह से मेलबर्न है कप्तान विराट के लिए है बेहद खास, इस बार भी है उम्मीदें

1 Hour ago

भारतीय कप्तान विराट कोहली टीम इंडिया के लिए बेहद खास हैं और ये बात शायद किसी को समझाने की जरूरत नहीं है। दूसरे वनडे में जब भारतीय टीम को सीरीज में बने रहने की सख्त जरूरत थी उस वक्त विराट का बल्ला चला और टीम को जीत मिली। उनकी पारी के दम पर टीम इंडिया ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ वनडे सीरीज में अब तक बना हुई है। अब अगला वनडे यानी सीरीज का आखिरी और निर्णायक मैच मेलबर्न में खेला जाना है। जाहिर है इस मैच में भी भारतीय क्रिकेट फैंस और टीम को विराट से आस तो होगी ही। आखिर मेलबर्न विराट के लिए खास क्यों है जानते हैं। 

आखिरी मैच में लगाया था शतक

भारतीय कप्तान विराट कोहली ने इस ऑस्ट्रेलियाई दौरे से पहले वर्ष 2016 में वहां का दौरा किया था। उस वक्त टीम के कप्तान महेंद्र सिंह धौनी थे। उस वनडे सीरीज में दोनों देशों के बीच पांच मैच खेले गए थे और भारत को मेजबान टीम ने 1-4 से शिकस्त दी थी। वर्ष 2016 में खेले गए वनडे सीरीज का तीसरा मैच भी मेलबर्न में ही खेला गया था। इस मैच में विराट कोहली ने बेहतरीन शतकीय पारी खेली थी। उन्होंने 117 गेंदों का सामना करते हुए 117 रन बनाए थे। इस पारी में उनका स्ट्राइक रेट 100 का रहा था और उन्होंने अपनी पारी में 7 चौके और दो छक्के लगाए थे। विराट ने इस मैच में दूसरे विकेट के लिए शिखर धवन के साथ मिलकर 119 रन की साझेदारी की थी जबकि तीसरे विकेट के लिए अजिंक्य रहाणे के साथ मिलकर 109 रन की साझेदारी की थी। यानी उन्होंने दो शतकीय साझेदारी निभाई थी। विराट की इस पारी के दम पर ही भारत ने 50 ओवर में छह विकेट पर 295 रन बनाए थे। इस मैच में विराट के अलावा भारत की तरफ से धवन ने 68 और रहाणे ने 50 रन की पारी खेली थी।

इस बार भी विराट से है उम्मीद

विराट इस वक्त अच्छी फॉर्म में चल रहे हैं। दूसरे वनडे में उन्होंने बेहतरीन शतक लगाकर टीम को जीत दिलाई थी तो मेलबर्न में उन्होंने आखिरी वनडे में भी शतकीय पारी खेली थी। यानी हालात और रिकॉर्ड दोनों इस बात की तरफ इशारा करते हैं कि विराट के लिए इस मैदान पर बड़ी पारी खेलने की उम्मीद करना बेमानी नहीं है। वैसे वर्ष 2016 में खेले गए वनडे मैच में विराट के शतक के बावजूद भारतीय टीम को हार का सामना करना पड़ा था। भारत ने विराट की शतक के दम पर 295 रन जरूर बनाए लेकिन मेजबान टीम ने 48.5 ओवर में सात विकेट पर 296 रन बनाकर इस मैच को जीत लिया था।

दिलचस्प है ये अंक का खेल

भारत ने पिछले ऑस्ट्रेलिया दौरे (2016) पर जो पांच मैचों की वनडे सीरीज खेली थी उसका तीसरा मैच मेलबर्न में ही खेला गया था। इस बार भी इस वनडे सीरीज का तीसरा मैच मेलबर्न में ही खेला जाएगा। वैसे भारत व ऑस्ट्रेलिया के बीच इस बार तीसरा टेस्ट मैच मेलबर्न में ही खेला गया था और टीम इंडिया को इसमें 137 रन से बड़ी जीत मिली थी। विराट ने इस टेस्ट मैच की पहली पारी में 82 रन बनाए थे। यानी हम उम्मीद कर सकते हैं कि टीम इंडिया मेलबर्न में तीसरा वनडे जीतकर सीरीज अपने नाम कर सकती है।


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खेल Video: इस धुरंधर ने दिग्गज़ों के स्टाइल को किया कॉपी, धौनी के शॉट पर किया कुछ ऐसा

1 Hour ago

भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच वनडे सीरीज़ खेली जा रही है। फिलहाल ये सीरीज़ 1-1 की बराबरी पर है। ऐसे में मेलबर्न में होने वाला तीसरा और आखिरी वनडे सीरीज़ का निर्णायक मुकाबला हो गया है। मेलबर्न में 18 जनवरी को होने वाले आखिरी वनडे मैच से पहले ऑस्ट्रेलिया के धुरंधर खिलाड़ी ग्लेन मैक्सवेल ने कुछ खिलाड़ियों के स्टाइल को कॉपी किया। उऩ्होंने धौनी के खास हेलीकॉप्टर शॉट को भी कॉपी करने की कोशिश की।

मैक्सवेल ने धौनी का स्टाइल किया कॉपी

एडिलेड में मिली छह विकेट से हार के बाद ऑस्ट्रेलिया के इस तेज़ तर्रार बल्लेबाज़ ने रिकी पॉंटिंग, मार्क वॉ, केविन पीटरसन और एम एस धौनी सरीखे खिलाड़ियों के शॉट्स को कॉपी करने की कोशिश की। मैक्सवेल ने सबसे पहले रिकी पॉंटिंग के शॉट को कॉपी किया।

मैक्सवेल ने रिकी पॉंटिंग के पुल शॉट, एबी डिविलियर्स के लैप या रैम्प शॉट, केविन पीटरसन के स्विच हिट / रिवर्स स्वीप जैसे कुछ दिग्गज खिलाड़ियों के स्ट्रोक्स को कॉपी किया। भारतीय खिलाड़ियों में उन्होंने धौनी के हेलीकॉप्टर शॉट को भी कॉपी किया।

30 वर्षीय मैक्सवेल को एक मैच याद आया जिसमें उन्होंने भारतीय दिग्गज धौनी का एक कैच ड्रॉप किया था। अगली ही गेंद पर, धौनी ने अपने स्टाइलिश हेलीकॉप्टर शॉट से फॉकनर की गेंद को मैदान के बाहर फेंक दिया था मैक्सवेल को अभी तक ये भी याद है कि वो छक्का 115 मीटर का था।

मैक्सवेल मौजूदा वनडे सीरीज़ के दो मैचों में 140.47 की स्ट्राइक रेट के साथ 59 रन बना चुके हैं। सिडनी में खेले गए पहले मैच में वो 11 रन बनाकर नाबाद रहे थे। इस मैच को ऑस्ट्रेलिया ने 34 रन से जीता था। एडिलेड में खेले गए दूसरे मैच में मैक्सवेल ने 37 गेंदों पर 48 रन की पारी खेली थी। इस दौरान उन्होंने पांच चौके और एक शानदार छक्का भी लगाया था। हालांकि इस मैच में ऑस्ट्रेलिया को छह विकेट से हार का सामना करना पड़ा था।


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खेल बीसीसीआइ की सुनवाई पर सबकी नजरें, तय होगी हार्दिक पांड्या और केएल राहुल की जांच की दिशा

1 Hour ago

सुप्रीम कोर्ट गुरुवार को बीसीसीआइ से जुड़े मामलों पर सुनवाई करेगा। सुनवाई का सबसे अहम बिंदु सुप्रीम कोर्ट द्वारा नियुक्त प्रशासकों की समिति (सीओए) द्वारा पिछले साल अक्टूबर में प्रस्तुत की गई स्टेटस रिपोर्ट है जिसमें लोढ़ा समिति की सिफारिशों को नहीं मानने वाले राज्य संघों के मताधिकार को रोकने और बीसीसीआइ को एक निर्धारित समय सीमा के अंदर चुनाव कराने की सिफारिश कर रही है। पिछले पांच सालों में सुप्रीम कोर्ट के तीन मुख्य न्यायधीश इस केस की सुनवाई कर चुके हैं। अब एसए बोबडे और एएम सापरे की बेंच इसकी सुनवाई करेगी।

इस सुनवाई से बोर्ड की विचित्र स्थिति समाप्त हो सकती है। 18 जुलाई, 2016 को सुप्रीम कोर्ट ने आरएम लोढ़ा समिति द्वारा सुझाए गए सुधारों को लागू करने की मंजूरी दी थी और सभी राज्य संघों को उसे लागू करने के आदेश दिए थे। इसके बाद कई राज्य संघों के अनुरोध पर कुछ सुधारों में संशोधन किया गया था। हालांकि अब तक ना तो बोर्ड के एक भी सदस्य संघ ने और न ही बीसीसीआइ ने इन सिफारिशों को लागू किया है। अब सीओए ने सिफारिश की है कि बीसीसीआइ कोर्ट के फैसले के बाद 90 दिनों के अंदर चुनाव कराए और कोर्ट चुनाव के लिए एक समयसीमा को मंजूरी दे। चुनाव कराने के लिए राज्यों और बीसीसीआइ को पहले नए संविधान का पालन करने की जरूरत है, जो पिछले साल अगस्त में पंजीकृत किया गया था। इसका मतलब है कि उन्हें सभी सुधारों के लिए बिना शर्त सहमत होना होगा। जब सीओए ने पिछले साल 27 अक्टूबर को अपनी स्टेटस रिपोर्ट पेश की थी, तब तक बीसीसीआइ के 34 राज्य संघों में से एक भी पूरी तरह से उसका पालन नहीं कर रहा था। सीओए ने सात राज्यों को गैर अनुपालन संघों के रूप में पहचाना की थी जबकि बाकियों को उसने आंशिक रूप से पालन और बहुत हद तक पालन करने वाली श्रेणियों में रखा था।

हालांकि राज्य संघों ने गेंद को दूसरे पाले में सरका दिया है और कई अहम सवाल उठाए हैं। सबसे अहम सुधार जो बीसीसीआइ के सदस्य चाहते हैं वह यह है कि कोर्ट नए संविधान में पदाधिकारियों के लिए निर्धारित नौ साल की कार्यकाल सीमा पर पुन: विचार करे। लोढ़ा समिति की सिफारिशों को लागू नहीं करने वाले राज्य संघों के बीसीसीआइ के चुनावों में मताधिकार नहीं करने और फंड रोके जाने पर भी सुनवाई हो सकती है। बीसीसीआइ के कई सदस्य चाहते हैं कि सीओए के शासनकाल को समाप्त किया जाए लेकिन ऐसा तभी होगा जब वे चुनाव कराएंगे। हालांकि सदस्य दो भागों में बंटे सीओए के भीतर गहरे विभाजन और अविश्वास के बारे में कोर्ट को अवगत कराना चाहते हैं, जिसमें भारत के पूर्व कैग विनोद राय और पूर्व भारतीय महिला कप्तान डायना इडुल्जी शामिल हैं। कुछ सदस्यों को लगता है कि बिना शर्त सुधारों को लागू करने के लिए बाध्य होने के बावजूद उन्हें बीसीसीआइ का नियंत्रण हासिल करना होगा।

हार्दिक पांड्या और केएल राहुल के विवादित टीवी-शो की टिप्पणियों की बात करें तो राय और इडुल्जी ने माना कि खिलाडि़यों को दंडित किया जाना चाहिए, लेकिन इसके बारे में कैसे आगे बढ़ा जाए, इसको लेकर दोनों की राय अलग है। दोनों खिलाड़ी निलंबित कर दिए गए हैं और वे ऑस्ट्रेलिया में चल रही वनडे सीरीज से बाहर हैं जबकि न्यूजीलैंड के सीमित ओवरों के दौरे से भी बाहर रह सकते हैं। बीसीसीआइ की कानूनी टीम ने सिफारिश की कि जांच पूरी होने तक खिलाडि़यों को निलंबित कर दिया जाए लेकिन राय और इडुल्जी दोनों चाहते हैं कि कोर्ट लोकपाल की नियुक्ति के बारे में निर्देश दे। राय का यह भी मत है कि अगर कोर्ट निर्देश ना दे तो एडहॉक लोकपाल की नियुक्ति हो जबकि इडुल्जी इसमें तकनीकि पेंच बताकर विरोध कर रही हैं। बीसीसीआइ ने 2016 के आखिर से खाली पड़े इस पद पर किसी को बहाल नहीं किया है। अगर कोर्ट लोकपाल पर फैसला नहीं करता है तो इन दोनों क्रिकेटरों और भारतीय टीम की विश्व कप उम्मीदों को भी झटका लग सकता है।


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खेल कमाल की फिटनेस है रिषभ पंत की, मैदान पर उनके ये मूव्स देखकर दंग रह जाएंगे आप !

1 Hour ago

रिषभ पंत की फिटनेस कमाल की है जिसका परिचय उन्होंने सिडनी टेस्ट मैच के दौरान दिया।

सिडनी टेस्ट मैच में पुजारा की शतकीय पारी में सबका दिल जीता तो टीम के युवा विकेटकीपर-बल्लेबाज रिषभ पंत की बल्लेबाजी ने महफिल लूट ली। अपनी बेहतरीन बल्लेबाजी से उन्होंने सबको दंग तो किया ही लेकिन खेल के दूसरे दिन ऑस्ट्रेलियाई टीम की बल्लेबाजी के दौरान उन्होंने मैदान पर ऐसे मूव्स दिखाए की सब हैरान रह गए। रिषभ के इस स्टंट को देखकर इस बात का अंदाजा साफ तौर पर लगाया जा सकता है कि वो कितने फिट हैं। 

चौथे टेस्ट मैच के दूसरे दिन ड्रिंक ब्रेक के दौरान रिषभ पंत ने एरोबेटिक किक अप मूव्स का प्रदर्शन किया और उनका ये वीडियो वायरल हो गया जिसे खूब पसंद किया जा रहा है। 21 वर्ष के रिषभ पंत ने जिस तरह के किक अप मूव्स दिखाए उससे सबको WWE सुपर स्टार शॉन माइकल की याद दिला दी जो इसके लिए विख्यात थे। 

पंत ने चौथे टेस्ट मैच के दूसरे दिन कमाल की बल्लेबाजी करते हुए नाबाद 159 रन बनाए। अपनी पारी के दौरान उन्होंने 15 चौके और एक छक्का लगाया। इस शतक के साथ वो भारत के पहले ऐसे विकेटकीपर बन गए जिन्होंने ऑस्ट्रेलिया में कंगारू टीम के खिलाफ शतक लगाया हो। इसके अलावा वो पहले ऐसे भारतीय विकेटकीपर भी बन गए जिन्होंने विकेटकीपर के तौर पर एशिया के बाहर दो शतक लगाया हो। उन्होंने पिछले वर्ष इंग्लैंड के खिलाफ भी आखिरी टेस्ट मैच में शतक लगाया था। बल्लेबाजी, विकेट कीपिंग, स्लेजिंग या फिर एरोबेटिक्स मूव्स ऐसा क्या है जो रिषभ नहीं कर सकते।

इस वक्त भारतीय टीम सिडनी टेस्ट में मजबूत स्थिति में है और पुजारा व रिषभ की शतक के दम पर भारत ने अपनी पहली पारी में सात विकेट पर 622 रन बनाकर घोषित कर दी थी। इस मैच में पुजारा ने भी शतकीय पारी खेली जबकि मयंक अग्रवाल और जडेजा ने अर्धशतक लगाए। 

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खेल भारतीय टीम का सिडनी टेस्ट मैच में जीतना तय, आंकड़े तो यही कहते हैं !

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पिछले चार वर्षों में भारतीय टीम ने जिन टेस्ट मैचों में टॉस जीते उसमें उसे हार तो नहीं मिली।

सिडनी टेस्ट मैच में भारतीय टीम के कप्तान विराट कोहली ने टॉस जीता और बल्लेबाजी चुनी। अब इसी टेस्ट सीरीज की बात करते हैं यानी पहले टेस्ट मैच में भारत ने टॉस जीतकर मैच जीता। फिर दूसरे टेस्ट में भारत ने टॉस गंवाया साथ ही साथ मैच भी गंवा दिया लेकिन एक बार फिर से टीम इंडिया ने तीसरे टेस्ट में टॉस जीतकर बड़ी जीत दर्ज की। वहीं अब चौथे टेस्ट में विराट ने टॉस जीता तो शायद भारतीय टीम को जीत मिले। ये तो इस टेस्ट सीरीज की टॉस की बात रही लेकिन अब जरा पीछे चलते हैं। यानि सिडनी टेस्ट मैच से पहले भारतीय टीम ने पिछले चार वर्षों में 22 बार टेस्ट में टॉस जीते हैं और कमाल की बात ये है कि टीम इंडिया को इन मैचों में हार नहीं मिली है। यानी टॉस जीतना भारतीय टीम की जीत की गारंटी है या फिर मैच ड्रॉ हो सकता है।  

पिछले चार वर्षों में भारतीय टीम ने जिन 22 टेस्ट मैचों में टॉस जीते हैं उनमें विराट कोहली 21 मुकाबलो में कप्तान रहे हैं। इनमें से टीम ने 18 मैच जीते और तीन ड्रॉ रहे यानी हार तो किसी भी मैच में नहीं मिली। वैसे 22 टेस्ट मैचों में टॉस जीतकर एक भी मैच नहीं गंवाने वाली टीम इंडिया दुनिया की पहली टीम बन गई है। 

टेस्ट में सबसे ज्यादा बार टॉस जीतकर सबसे ज्यादा मैच जीतने के मामले में भारतीय टीम के बाद दक्षिण अफ्रीका का नंबर आता है। पिछले चार वर्ष में द. अफ्रीकी टीम ने 19 टेस्ट मैचों में टॉस जीते जिसमें 12 मैचों में उन्हें जीत मिली। तीन मैचों में उन्हें हार का सामना करना पड़ा जबकि चार मैच ड्रॉ पर खत्म हुए। वहीं इस मामले में कंगारू टीम तीसरे नंबर पर है। टेस्ट मैचो में ऑस्ट्रेलिया ने 17 मैचों में टॉस जीते और दस मैचों में जीत हासिल की। इनमें से चार मैच ड्रॉ रहे जबकि तीन मैचों में कंगारू टीम को हार का सामना करना पड़ा। इस मामले में चौथे नंबर पर न्यूजीलैंड की टीम है और इस टीम ने पिछले चार वर्ष में 14 बार टॉस जीते और नौ मैचों में जीत दर्ज की। कीवी टीम को तीन मैचों में हार मिली जबकि दो मुकाबले ड्रॉ रहे। पांचवें नंबर पर श्रीलंका की टीम ने जिसने 23 बार टॉस जीते और इनमें 13 मैच जीते। पाकिस्तान ने 19 मैचों में टॉस जीते  और 10 मैचों में जीत दर्ज की। वहीं इंग्लैंड ने 34 टेस्ट मैचों में टॉस जीतकर 17 मैचों में जीत हासिल की। 

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खेल Pro Kabaddi League 2018: पुणे पल्टन ने तेलुगू टाइटंस को 35-20 से दी मात

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प्रो कबड्डी के छठे सीजन के 123वें मैच में पुणेरी पल्टन ने तेलगू टाइटंस को 35-20 से हरा दिया. यह मैच कोलकाता के टीम नेताजी इंडोर स्टेडियम में खेला गया और इसमें पुणेरी शुरू से ही मैच में हावी रही. उसने अपनी बादशाहत को अंत तक कायम रखते हुए जीत हासिल की.


मैच में 13 मिनट का ही समय हुआ था और यहां तक पुणे ने 10-2 की बढ़त ले ली थी. पहले हाफ के आखिरी सात मिनट में टाइटंस ने तेजी से कुछ अंक जुटाए और 15वें मिनट तक स्कोर 14-7 कर लिया.

मैच में 13 मिनट का ही समय हुआ था और यहां तक पुणे ने 10-2 की बढ़त ले ली थी. पहले हाफ के आखिरी सात मिनट में टाइटंस ने तेजी से कुछ अंक जुटाए और 15वें मिनट तक स्कोर 14-7 कर लिया. पुणे ने हालांकि टाइटंस को अपने बराबर तक नहीं आने दिया और पहले हाफ का अंत 17-10 के स्कोर के साथ किया.


दूसरे हाफ में खेल बराबरी का चल रहा था और दोनों टीमें लगातार प्वाइंट ले रहीं थी. हालांकि, टाइटंस को पहले हाफ में पिछड़ने के कारण थोड़ी परेशानी हुई क्योंकि वह लगातार प्वाइंट लेकर भी अंतर को पाट नहीं पा रही थी.


दूसरे हाफ का अंत आते-आते पुणे ने टाइटंस का प्वाइंट लेना मुश्किल कर दिया जिससे अंतर और बढ़ गया और पुणे 15 प्वाइंट्स के अच्छे-खासे अंतर से मैच जीतने में सफल रही.

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खेल महिला हॉकी वर्ल्ड कप: भारत के लिए 44 साल बाद सेमीफाइनल खेलने का मौका

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अपने अभियान को ढर्रे पर लाने के बाद भारतीय महिला हॉकी टीम गुरुवार को क्वार्टर फाइनल मुकाबले में उतरेगी, जहां उसका सामना ‘जाइंट किलर’ आयरलैंड से होगा. आयरिश टीम को हराकर वह 44 साल बाद विश्व कप सेमीफाइनल में जगह बना सकती है. यह मुकाबला भारतीय समयानुसार रात 10.30 बजे से खेला जाएगा.

भारत ने इटली को क्रॉस-ओवर मैच में हराकर अंतिम-8 में जगह बनाई है. क्वार्टर फाइनल में आयरलैंड को हराने से भारतीय टीम दूसरी बार विश्व कप के अंतिम-4 में पहुंच जाएगी.

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खेल हसी बोले- भारत के पास ऑस्ट्रेलिया में पहली बार सीरीज जीतने का मौका

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ऑस्ट्रेलिया के पूर्व बल्लेबाज माइक हसी ने कहा कि भारत के पास इस साल ऑस्ट्रेलिया में पहली बार टेस्ट सीरीज जीतने का सुनहरा मौका है. दिसंबर-जनवरी में होने वाली चार टेस्ट मैचों की सीरीज में भारत को डेविड वॉर्नर और स्टीव स्मिथ की गैरमौजूदगी से कमजोर हुई ऑस्ट्रेलियाई टीम का सामना करना है.

हसी ने बेंगलुरु में कहा, ‘मैं ऑस्ट्रेलिया की बल्लेबाजी को लेकर थोड़ा चिंतित हूं, क्योंकि हम अपने दो सर्वश्रेष्ठ बल्लेबाजों स्मिथ और वॉर्नर के बिना खेलेंगे. भारत के पास यह ऑस्ट्रेलिया में अपनी पहली सीरीज जीतने का शानदार मौका है.’

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वॉर्नर, स्मिथ और कैमरन बेनक्रॉफ्ट को दक्षिण अफ्रीका में गेंद से छेड़छाड़ प्रकरण में उनकी भूमिकाओं के लिए प्रतिबंधित किया गया है. हसी ने हालांकि कहा कि अगर मिशेल स्टार्क की अगुवाई वाला ऑस्ट्रेलियाई आक्रमण उछाल और तेजी भरी पिचों पर सफल रहता है, तो भारत की राह आसान नहीं होगी.

उन्होंने कहा, ‘अगर मिशेल स्टार्क, जोश हेजलवुड, पैट कमिंस और नाथन लियोन फिट होते हैं और अच्छा प्रदर्शन करते हैं, तो भारत को रनों के लिए कड़ी मेहनत करनी होगी.’

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इंग्लैंड के खिलाफ एजबेस्टन में पहले टेस्ट की टीम से चेतेश्वर पुजारा को बाहर करने पर हसी ने कहा कि इससे पता चलता है कि भारत मजबूत टीम है, जिसका बल्लेबाजी क्रम अच्छा है.

उन्होंने कहा, ‘पहले टेस्ट की टीम से पुजारा को बाहर करना भारत की मजबूती का अच्छा संकेत है. यह बताता है कि भारत अच्छी टीम है, जिसका बल्लेबाजी क्रम मजबूत है.’

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खेल धोनी के बुलेट शॉट के सामने आए केएल राहुल, कुछ इस तरह बचते नजर आए

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नई दिल्ली: महेंद्र सिंह धोनी और केएल राहुल की शानदार बल्लेबाजी के बदौलत टीम इंडिया ने श्रीलंका के खिलाफ पहले टी-20 में शानदार जीत दर्ज की. टीम इंडिया ने श्रीलंका को 93 रन से हराया. केएल राहुल ने 61 रन जड़े तो वहीं धोनी ने 39 रन की शानदार पारी खेली. जिसकी बदौलत टीम इंडिया ने 180 रन बनाए. धोनी ने फिर बता दिया कि वो खराब वक्त में टीम इंडिया का साथ देते हैं. इस मैच में ऐसे दो मौके आए जब धोनी के शॉट से सभी घबरा गए. एक शॉट से तो नॉन स्ट्राइक एंड पर खड़े केएल राहुल भी बच गए. 

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